सिंहदेव का पार्थिव शरीर पंचतत्व में विलीन, भतीजी अंबिका ने दी मुखाग्नि,…

शमरोज खान
बैकुण्ठपुर- कोरिया जिले के षिल्पकार एवं सिंचाई समेत प्रकृति पर्यावरण जल और अर्थशास्त्र के विषेषज्ञ कोरिया जिला और बतौर जिला मुख्यालय बैकुंठपुर को देश और राज्य के मानचित्र पर स्थाई मुक़ाम दिलाने वाले कोरिया कुमार डॉ रामचंद्र सिंहदेव की पार्थिव देह आज विलीन हो गई।

डॉ सिंहदेव के अंतिम संस्कार की प्रक्रिया उनकी भतीजी और राजनैतिक उत्तराधिकारी मानी जा रही श्रीमती अंबिका सिंहदेव ने पूरी की। कोरिया कुमार का पार्थिव शरीर को पैलेस से कुछ ही दूर पर अंतिम संस्कार किया गया। यह करीब एक एकड़ की ज़मीन है जिसमे भविष्य में कोरिया कुमार की स्मृति में बग़ीचे के विस्तार दिया जा सकता है।


कोरिया कुमार आजीवन अपने गृह जिले विशेषकर ग्रामीण अंचल और बैकुंठपुर के लिए समर्पित रहे। उनके बेमिसाल प्रेम का प्रतिसाद उनकी अंतिम यात्रा में नज़र भी आया जबकि हज़ारों की संख्या में लोग उन्हे अंतिम विदाई देने पहुँचे जिनमें सुदूर ग्रामीण अंचल के वे वनवासी भी थे जिनके दुख दर्द को समझने जानने और दूर करने कोरिया कुमार ने अपना पूरा जीवन लगा दिया।

इलाक़े को जिला और क़स्बे के रुप में मौजुद बैकुंठपुर को जिला मुख्यालय के रुप में राज्य के नक़्शे में स्थान दिलाने वाले कोरिया जिले के इस शिल्पी के अवसान से पूरा इलाक़ा शोक में डूबा हुआ है। पूरा बैकुंठपुर आज बंद रहा, लगा कि जैसे शहर थम गय।