पूत-कपूत का कारनामा…भाजपा के पूर्व सांसद के पुत्र की गुण्डागर्दी….लाक डाउन में दुसरे जिले से आकर कर रहे थे ग्रामीणो से हुज्जतबाजी….ग्रामीणों ने अच्छे से धोया….

राजेश सोनी
सूरजपुर- एक बार फिर से सरगुजा के लोकप्रिय पूर्व सांसद कमलभान सिह व उनके पुत्र सुर्खियो मे है। पूर्व के कार्यकाल मे पुर्व सरगुजा सासंद कमलभान सिह के कपूत ने पत्रकर के बुजुर्ग माता पिता को मारपीकर कर प्रताडित करने का मामला हो या खुद पूर्व सांसद अपनी पार्टी के पदाधिकारी को जुते से मारने की खुलेआम धमकी चमकी की बात हो दोनों ने बेहिसाब नाम कमाये थे। पिता पुत्र सरफिरे सडक छाप गुडो की तरह गाली गलौज मारपीट से जनता तो परेशान थी ही उनके खुद के पार्टी के लोगो मे भी नाराजगी रही। इसका खामियाजा आखिरकार पुर्व सांसद को लोकसभा चुनाव मे भुगतना ही पडा।

JUNE 26, 2018 की

एक बार फिर से वही पुन:वृति……
विवादित कार्यकलाप के बाद एक बार फिर से पूर्व सासंद के पुत्र की करतुतो की क्षेत्र मे जमकर आलोचना हो रही है बीते 5 मई को ग्राम लांची मे दो पक्षो मे किसी बात को लेकर मारपीट की घटना हुई एक पक्ष था गांव के गुलजार अंसारी तो वही दूसरा पक्ष भाजपा के पूर्व सांसद कमलभान सिंह के पुत्र नागेन्द्र प्रताप सिंह के साथ कथित रूप से घटित हुई है। तो वही उसी मार्ग से जा रहे सूरजपुर जनपद के अध्यक्ष ने दोनो का पक्षो को समझा कर कोतवाली थाने जाने की नसीहत देकर चले गये| आहत गुलजारी ने घटना के बाद कोतवाली थाने पहुचकर लिखित शिकायत घटना वितांत बताया पुलिस ने उसे मेडिकल के लिये ले गये| वही दुसरे दिवस पूर्व सांसद के पुत्र नागेन्द्र प्रताप सिंह की शिकायत पर कोतवाली पुलिस ने मामले में तत्परता दिखाते हुए जनपद अध्यक्ष जगलाल सिंह सहित गुलजार अंसारी, खेमचंद विश्वकर्मा, पत्रकार कौशलेन्द्र यादव, सुभाष गुप्ता व एक अन्य के विरूद्ध धारा 147, 149, 341, 294, 506, 323, 427, 188 महामारी अधिनियम 3 के साथ साथ एक्ट्रोसीटी एक्ट की धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर लिया है।

तो वही जनपद अध्यक्ष जगलाल सिंह ने पुलिस अधीक्षक के नाम दिए ज्ञापन में मामले को आपसी रंजिश का नतीजा बताते हुए झूठे मामले में फंसाने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा है कि घटना दिवस को वे सूरजपुर से वापस अपने गृहग्राम की ओर जा रहें थे। उसी वक्त बेलटिकरी मार्ग में पूर्व सांसद के पुत्र बीच सड़क में गाड़ी खड़ी कर किसी से विवाद कर रहे थे जिस पर मैने समझाने की कोशिश की और रास्ते से गाड़ी हटाने के साथ दोनों पक्षों को थाने जाने को कहा और इसके बाद मै वहां से चला गया। दूसरे दिन पता चला कि मेरे विरूद्ध ही मारपीट की शिकायत दर्ज करा दी गई। जबकि इससे मेरा कोई लेना देना नही है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया है कि चूंकि पूर्व सांसद व उनके पुत्र से उनकी पुरानी रंजिश है इसलिए उन पर झूठा रिपोर्ट लिखाया गया है। उन्होने इस बात पर भी आश्चर्य व्यक्त किया है कि जब वे खुद गोंड़ जाति के है इसके बावजूद उन पर एक्ट्रोसिटी एक्ट लगाना नियम विरूद्ध है। उन्होंने मामले में नए सिरे से जांच की मांग करते हुए इसे राजनीतिक साजिश बताया है।

पूर्व सांसद की करतूत

तो वही कौशलेन्द्र यादव व सुभाष गुप्ता ने भी अलग ज्ञापन देकर पुलिस की कार्रवाई पर सवाल खड़े किए है। इन्होंने कहा है कि इस घटना से उनका दूर दूर तक कोई वास्ता नही है। इसके बावजूद वे आरोपी बना दिए गए है। उनका कुसूर सिर्फ इतना है कि वे जनपद अध्यक्ष की खबरों को प्राथमिकता के साथ जगह दे रहे है। उन्होंने भी मामले की जांच कराकर न्याय की मांग की है।

JUNE 26, 2018 की

पत्रकारो को प्रताडित कर मारपीट करना पुरानी आदत है……
विवादस्पद पूर्व सासंद सहित उनके पुत्र… इनका विवादो से पुराना नाता जो बना रहता है पिता के नक्शे-कदम पर चलते हुये अब इनके एक और पुत्र ने इस घटना मे पत्रकार के उपर झुठा मामला दर्ज करा ही दिया जबकि इस घटना मे दोनो का कोई भागीदारी नही रही वे खुद जानते और समझते भी है| लाक डाउन व धारा 144 के मददेनजर वे खुद सरगुजा जिले से सूरजपुर के लांची मे 4-5 दोस्तो के साथ आकर मटर गस्ती हुज्जबाजी गांव के युवको से कर रहे थे।

पूर्व सांसद की करतूत

पूर्व की घटना से नही ली सबक……
जिले की पुलिस व्यव्स्था की बात करे तो प्राईवेट कंपनी की तरह काम कर रही है छपास की बीमारी के साथ खुद को प्रमोट करना,अखबारो मे छाये रहना आमजन आसानी से समझते है प्राईवेट कंपनी की तरह पुलिस विभाग के कार्यकलाप देखने को मिल रहा है पैसा फेको तमासा देखो। अगर इनके कंपनी की हेराफेरी की खबर लगा दे तो बिना किसी जांच पडताल के अपराध दर्ज कर दिया जाता है। आमजनो को कानुन का पाठ पढाने वाले वे खुद कितने ईमानदार है किसी प्रमाण पत्र की आवश्यकता नहीं है।

और अंत में….
जो देखता हूँ वही बोलने का आदी हूँ
मैं अपने शहर का सब से बड़ा फसादी हूँ…..