कलयुगी बेटी ने बनवाया मां का फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र….फर्जी वसीयत से नामांतरण कर बेटी ने बेच दी जमीन….पुलिस किया अपराध दर्ज किया…

राजेश सोनी
सूरजपुर- मां की फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र बना कर उसकी संपत्ति बेच देने वाली बेटी के खिलाफ पुलिस ने धोखाधड़ी का जुर्म दर्ज किया है. जिले में जमीन अफरा तफरी का खेल बदस्तूर जारी है और इस खेल में पूरा एक रैकेट सक्रिय है जो किसी का भी फर्जी दस्तावेज बनाने में माहिर है.इसमें राजस्व से लेकर पुलिस अमला तक सक्रिय है. कुछ ऐसा ही मामला कोतवाली थाने में आया है जहा पर बेटी ने अपनी मां की ही फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र व वसीयत बनवाकर भूमि अपने नाम करा कर बेच दिया. एक लंबे शिकायत के सिलसिले के बाद आखिरकार पुलिस ने फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र व वसीयत बनाकर बेचने वाली बेटी के खिलाफ 420 का मामला दर्ज किया है. कोतवाली थाने में दिये आवेदन में देवनारायण ने बताया की मेरी बुआ सुशीला बाई वर्ष 2013 मे मेरी दादी कमला बाई की फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाकर उक्त भुमि को गहबर राम राजवाडे बसदेई से मिल कर मो.ऐतेसाम बैकुन्ठपुर को बेच दिया. देवनारायण ने बताया कि उसकी दादी स्व0 कमलाबाई पति मंगलसाय के नाम से ग्राम महगांवा सूरजपुर स्थित भूमि खसरा नम्बर 1108,1109,1103 रकबा 0.158,0.251 एंव 0.231हे.भूमि को हडपने की नियत से फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र नगर पालिका से दिनांक 25.03.2013 का बनवाया गया है जबकि मेरी दादी स्व0 कमला पति मंगलसाय का देहान्त दिनांक 24.08.2016 को हुआ है वह वृद्धापेशन का पैसा 02.08.2016 तक प्राप्त की है जिसका मृत्यु प्रमाण पत्र उनके पास है शिकायतकर्ता ने बताया कि फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र के आधार पर उसकी बुआ श्रीमती सुशीला फर्जी मृत्यु पत्र बनवा कर फर्जी वसीयत तैयार कर किया गया है. वसीयत में कही कोई संख्या का उल्लेख नही है. फर्जी वसीयतनामा व फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र के आधार उपरोक्त भुमि को सुशीला ने अपने नाम पर नामांतरण करा कर गहवर राम राजवाडे निवासी ग्राम बसदेई को आम मुख्तार बनाकर भूमि को विक्रय कर दिया गया जिसे खरीदने वाला ऐतेसाम निवासी बैकुण्ठपुर जिला कोरिया है बहरहाल पुलिस ने आरोपी सुशीला पर 420 का अपराध दर्ज किया है।
रात में भी होता है रजिस्टृी कार्यालय
पैसा है तो सब कुछ है और इसी पैसे से अधिकारी कर्मचारी से अपने हिसाब से काम कराया जाता है दिन हो रात का समय. बताते है कि रजिस्टृी कार्यालय देर रात तक खुले रहते है. जमीन की हेरा फेरी जमीन की अफरा-तफरी, फर्जी दस्तावेज के सहारे जमीन बेचने खरीदने का खेल बदस्तुर जारी है. जमीन के खरीद बिक्री में सारे नियम कानुन ताक पर है भू माफियाओ ने एक तरह से इस विभाग के अधिकारियों पर अपने वश में कर रखा है।