जिंदा महिला को मृत घोषित कर नामांतरण करने वाले सरपंच,सचिव,हल्का पटवारी सहित एक ग्रामीण पर अपराध दर्ज….फर्जी दस्तावेज तैयार कर वृद्ध महिला जमीन बेची….पीड़ित महिला को खुद के जीवित होने का प्रमाण देना पडा….

राजेश सोनी

सूरजपुर. जिला मुख्यालय से लगे गांव में जीवित महिला का मृत्यु प्रमाण पत्र बनाकर उसके स्वामित्व एवं आधिपत्य की भूमि को दुसरे के नाम नामान्तरित कराकर बेचने के मामले में कोतवाली पुलिस ने तत्कालीन सरपंच,सचिव, हल्का पटवारी सहित एक अन्य ग्रामीण पर धारा 420,34 के तहत अपराध दर्ज किया है. पुलिस को दिये आवेदन में 70 वर्षीय वृद्ध निरासो बाई ने बताया कि गांव के सरपंच कलावती,तत्कालीन सचिव पारसनाथ राजवाडे ने ग्राम पंचायत में दिनांक 15.06.2013 को ग्राम सभा में प्रस्ताव कर उसको मृत बताकर अंतिम संस्कार करने वाले के आधार पर उसके नाती मैनु राम के नाम उसकी भूमि खसरा क्र0 258 एवं 255 को राजस्व अभिलेखो में दर्ज किए जाने का प्रस्ताव पारित किया गया था. इसके लिये फर्जी ईस्तहार भी जारी किया गया. सरपंच, सचिव, मैनु राम सहित तात्कालिन ह0प0 चंदन केरकेट्टा ने षडयंत्र कर उसका नाम राजस्व अभिलेखो से विलोपित कराकर मैनु आ0 दिरपाल का राजस्व अभिलेखो में दर्ज कराया गया उसके कुछ समय बाद मैनु राम ने उक्त भूमि को परमेश्वर प्रसाद राजवाड़े को बेच दिया. फिर से उस भूमि को परमेश्वर प्रसाद राजवाड़े ने दीपक कुमार अग्रवाल निवासी नावापारा को बेच दिया गया जबकी आवेदिका जीवित है और उस भूमि पर रह रही है. आवेदिका निरासो बाई को कुछ दिन पहले खुद को मृत बताकर बेचने की जानकारी होने पर उसने कुछ लोगो के सहयोग से जमीन के कागजात एवं रजिस्ट्री के कागजात के दस्तावेज निकलवा कर सत्यता की जानकारी ली और कोतवाली थाने में शिकायत कर अपराधिक प्रकरण दर्ज करने की गुहार लगाई थी इस दौरान उसने अपने खुद के जिंदा रहने का प्रमाण पत्र,आधार कार्ड, परिचय पत्र, सेटलमेंट अधिकार अभिलेख 1954, 55 में दर्ज भूमि की छाया प्रति सहित ग्राम नमदगिरी द्वारा फर्जी मृत्यु घोषित कर ग्राम सभा में प्रस्ताव पारित की छायाप्रति अन्य दस्तावेज पुलिस को दिये है बहरहाल पुलिस ने नमदगिरी के सरपंच कलावती, तत्कालीन सचिव पारसनाथ राजवाड़े, तात्कालिन पटवारी चंदन केरकेट्टा के साथ मैनु राम पर धारा 420,34 के तहत अपराधिक दर्ज किया है.