छोटा भाई के ससुराल गए युवक के साथ मारपीट ।।घर पर आने के बाद हुई मौत।। अस्पताल प्रबंधन की लापरवाही के कारण हुई दूसरे दिन पोस्टमार्टम……

बैजनाथ केशरी

रामानुजगंज ————–. छत्तीसगढ़ की सीमा से 5 किलोमीटर दूरी पर उत्तर प्रदेश में अपने छोटे भाई के ससुराल गये युवक के साथ किसी बात को लेकर छोटे भाई के ससुराल वालों ने बेदम पिटाई कर दी जिसके बाद वह छत्तीसगढ़ में अपने घर आया जहां 15 जुलाई की सुबह युवक की मृत्यु हो गई घटना पर सनावल थाने में मर्ग कायम कर शव का आज पोस्टमार्टम करा शव परिजनों को सव सौंप दिया गया।         प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम तालकेश्वर पुर के टुकूपाथर में रहने वाले रामबरन पिता सीताराम उम्र 40 वर्ष 15 जुलाई को उत्तर प्रदेश के सागो बांध गांव अपने भाई के ससुराल ससुराल पक्ष के बुलावे पर गया था जहां किसी बात को लेकर रामबरन की जमकर पिटाई कर दी जिसके बाद वह वापस अपने घर आया जहां शनिवार के सुबह 4 बजे सनावल में ही इलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई। घटना के बाद परिजनों ने इसकी सूचना सनावल थाने में दी घटना पर थाने में मर्ग कायम कर शव का आज पोस्टमार्टम करा शव परिजनों को सौंप दिया गया।

छोटे भाई की शादी ड़ेढ माह पूर्व ही हुई थी…… रामबरन के छोटे भाई विजय की शादी डेढ़ माह पूर्व ही हुई थी छोटे भाई के ससुराल पक्ष के लोगों ने ही रामबरन को किसी बात को लेकर बुलाया था अभी तक मारपीट के कारण का पता नहीं चल सका है।

गला में रस्सी के दाग एवं सिर था फटा…… रामबरन के साथ बेरहमी से मारपीट की घटना हुई थी  यह उसके मारपीट के निशान से पता चलता है सिर में जहां गहरा जख्म था वही गला में रस्सी के निशान था।

60 किलोमीटर का सफर उसके बाद लंबा इंतजार…….. एक और जहां 60 किलोमीटर का सफर तय करके पोस्टमार्टम कराने रामानुजगंज लाया गया था वही जो पोस्टमार्टम उसी दिन किया जा सकता था उसके लिए परिजनों को घंटों इंतजार करना पड़ा जिससे परिजन परेशान रहे।

पोस्टमार्टम में अनावश्यक रूप से हुई देरी परिजन रहे परेशान रात  पेड़ के नीचे गुजारा………… परिजनों ने बातचीत के दौरान बताया कि हम लोग लगभग 4 बजे हॉस्पिटल में आए थे पोस्टमार्टम के लिए बात करने पर सामान लाने बोला गया उसकी व्यवस्था करते लगभग 5 बज गया था तो ड्यूटी में तैनात डॉक्टर हेमंत दीक्षित के द्वारा बताया गया आज लेट हो गया है अब कल पोस्टमार्टम होगा। गांव के गरीब लोग कुछ नहीं बोले वह रात भर लाश को रखकर स्वयं हॉस्पिटल के सामने बने चबूतरे पर रात गुजारी सुबह लगभग 12 बजे पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी हो सकी।

सुबह 4 बजे हुई थी मृत्यु तत्परता दिखाई जाती तो उसी दिन हो जाता पोस्टमार्टम…… रामबरन की मृत्यु शनिवार के सुबह 4 बजे हुई थी यदि तत्परता दिखाई जाती तो शनिवार को ही पोस्टमार्टम हो जाता एवं परिजन दाह संस्कार कर लेते तो इतना परेशान नहीं होना पड़ता।
 इस संबंध में बीएमओ डॉक्टर कैलाश  ने कहा कि पोस्टमार्टम की व्यवस्था करते-करते 5 बज गए थे जिसके बाद जिस डॉक्टर की ड्यूटी थी उसने पोस्टमार्टम करने के लिए मना कर दिया जिसके कारण पोस्टमार्टम नहीं हो पाया।?