: 21 सितंबर को नेशनल लोक अदालत का होगा आयोजन...
Fri, Sep 20, 2024
सौरभ द्विवेदी
सूरजपुर.
राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण नई दिल्ली एवं छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के दिशानिर्देशन में गोविन्द नारायण जागडे जिला न्यायाधीश / अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सूरजपुर के मार्गदर्शन में जिला न्यायालय सूरजपुर, तालुका न्यायालय प्रतापपुर एवं कुटुम्ब न्यायालय सूरजपुर तथा जिले के समस्त राजस्व न्यायालयों में नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया जा रहा है। लोक अदालत में प्रकरणों की सुनाई किये जाने हेतु जिला एवं सत्र न्यायालय सूरजपुर एवं कुटुम्ब न्यायालय मिलाकर कुल 10 खण्डपीठों का गठन किया गया है, वहीं तालुका न्यायालय प्रतापपुर में 02 तथा राजस्व न्यायालयों में सुनवाई हेतु 20 कुल 32 खण्डपीठों का गठन किया गया है। नेशनल लोक अदालत में वर्चुअल एवं फिजिकल दोनों ही माध्यम से प्रकरणों की सुनवाई की जावेगी। लोक अदालत में न्यायालयों में लंबित राजीनामा योग्य आपराधिक प्रकरण, मोटर दुर्घटना दावा प्रकरण पारिवारिक विवाद व अन्य राजीनामा योग्य राजस्व प्रकरणो तथा बैंक ऋण, विद्युत, जल के बकाया देयकों का प्री लिटिगेशन प्रकरणों को नेशनल लोक अदालत में सुनवाई हेतु रखे जाएंगे।
राजस्व विभाग के मामले सुनवाई हेतु राजस्व न्यायालयों में ही रखे जाएंगे। लोक अदालत एक ऐसा मंच है जहां न्यायालयों में लबित वाद-विवाद / मुकदमें या प्री-लिटिगेशन चरण के मामलों का सौहार्दपूर्ण सतरीके से निपटारा किया जाता है। लोक अदालत विवादों के निपटारे का वैकल्पिक माध्यम है, जहां श्रम, धन की बचत होती है, वहीं लोगों के मध्य आपसी विवाद हमेशा के लिए समाप्त होने के साथ आपसी बैर, की भावना हमेशा के लिए समाप्त होने से लोगों को त्वरित न्याय प्राप्त होता है।जिले वासियों से अपील है नेशनल लोक अदालत में अधिक से अधिक लोग उपस्थित होकर अपने अपने मामले को आपसी समझौते के आधार पर हमेशा के लिए समाप्त करने हेतु वर्चुअल एवं फिजिकल दोनों ही माध्यम उपस्थित होवे। वर्ग मोड पर उपस्थित होने के लिए जिला न्यायालय सूरजपुर की वेबसाईट पर जाकर संबधित फोर्ट के आगे दिये लिंक पर क्लीक कर वर्चुअल मोड पर जुड़ जा सकता है। बैंक ऋण, बकाया बिजली बील, जल के बकाया देयकों के प्रौलिटिगेशन प्रकरणों में पक्षकारों को छूट दिया जावेगा।
: महाविद्यालय में मनाया गया हिंदी दिवस...
Sun, Sep 15, 2024
सौरभ द्विवेदी
सूरजपुर. 14 सितंबर को शासकीय नवीन महाविद्यालय चांदनी बिहारपुर में हिंदी दिवस को सारगर्भित विचारों के साथ मनाया गया। कार्यक्रम की शुरुआत माता सरस्वती के छायाचित्र के समक्ष पुष्प अर्पित कर और दीप प्रज्वलित कर सरस्वती गायन के साथ किया गया , छात्र-छात्राओं के द्वारा सभी शिक्षकों का सम्मान किया गया । इसी कड़ी में कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे धीरेंद्र कुमार जायसवाल के द्वारा छात्र-छात्राओं को हिंदी दिवस क्यों मनाया जाता है के बारे में विस्तार पूर्वक बताया गया और छात्र-छात्राओं को हिंदी अच्छी आनी चाहिए उसके क्या तौर तरीके हैं सही मायने में हिंदी बोलने के लिए उसके कारक मात्रा व्याकरण को साक्षात छात्रों छात्र-छात्राओं से पूछ कर हिंदी दिवस की महत्व को बढ़ाने का प्रयास किया गया । महाविद्यालय के शिक्षक सचिन कुमार मिंस आभा रंजना कुजूर शिखा दुबे प्रियांशु जायसवाल चंद्रदेव राजवाड़े के द्वारा भी के द्वारा भी हिंदी कैसे इतनी लंबी दूरी तय करी उसके इतिहास को बताया गया । इसी कड़ी में छात्र और छात्राओं के द्वारा भी अपने विचार व्यक्त किए गए ।मंच का संचालन अतिथि व्याख्याता पिंटू कुमार के द्वारा संपादित किया गया। कार्यक्रम में अधिक संख्या में छात्र-छात्राएं और अन्य कर्मचारी अपनी उपस्थिति देकर कार्यक्रम को सफल बनाया।
: एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय के प्राचार्यों की मासिक समीक्षा बैठक...
Sun, Sep 15, 2024
सौरभ द्विवेदी
सूरजपुर. नव पदस्थ सहायक आयुक्त संकल्प साहू आदिवासी विकास विभाग की अध्यक्षता में जिले में संचालित एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय के प्राचार्यों की मासिक समीक्षा बैठक आयोजित की गई जिसमें जिले में संचालित समस्त एकलव्य आवासीय विद्यालय के प्राचार्य रोहित कुमार चौहान, ब्रजेश कुमार चौबे, रामबिलास तिर्की एवं ठाकुर सिंह उपस्थित हुए। सहायक आयुक्त ने समस्त प्राचार्यों को कक्षा 06वीं में समस्त रिक्त सीटों को शत् प्रतिशत पूर्ति किये जाने हेतु निर्देश दिया गया। सभी संस्थाओं में रिमेडियल कक्षाओं को संचालन नियमित रूप से कराया जाय तथा यह सुझाव दिया गया कि विगत वर्षों के विषयवार प्रश्न बैंक तैयार कर अध्यापन कार्य कराया जाना सुनिश्चित किया जाये , जिससे परीक्षा परिणाम सकारात्मक आए एवं अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी हो सके। साथ ही प्रत्येक विद्यालय में ट्राइबल कॉर्नर स्थापना की जाय जिसमें अनुसूचित जनजाति के महानायकों जिन्होंने समाज उत्थान के लिए उत्कृष्ठ कार्य किये है उनकी तस्वीर एवं जीवन से महत्वपूर्ण जानकारियां संधारित रखें ताकि विद्यालय के छात्र / छात्राऐं प्रेरित हो सकें। इसके साथ ही प्रत्येक विद्यालय में अनिवार्यतः हर्बल वाटिका विकसित करें ताकि आयुर्वेदिक पौधे जैसे - तुलसी, गिलोय, पुदीना, अदरक, अस्वगंधा इत्यादि लगाये जाए साथ ही आंवला, निंबु,अमरूद, पपीता, मुनगा इत्यादि पौधों का रोपण कराया जाय। सहायक आयुक्त द्वारा स्वास्थ्य परीक्षण एवं निगरानी समिति / पालक बालक सम्मेलन की नियमित रूप से बैठक कराये जाने का निर्देश दिया गया, तथा नियमित रूप से खेल कुद प्रतियोगिता एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम कराये जाने हेतु निर्देश दिया गया। इस अवसर पर विभाग के मण्डल संयोजक एवं अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।