: सूरजपुर पुलिस की ‘‘सहयोग’’ कार्यक्रम का गृहमंत्री ने किया शुभारंभ
Tue, Jun 12, 2018
सूरजपुर
-आमजन व पुलिस के मध्य बेहतर तालमेल, समन्वय एवं आमजन की पुलिस के साथ सक्रिय भागीदारी से अपराध नियंत्रण की परिकल्पना युक्त सामुदायिक पुलिसिंग के कार्यक्रम का शुभारंभ गृहमंत्री श्री रामसेवक पैंकरा के मुख्य आतिथ्य में पुलिस लाईन सूरजपुर में 12 जून को हुआ। पुलिस अधीक्षक सूरजपुर श्री जी.एस.जायसवाल ने इस कार्यक्रम का नाम ‘‘सहयोग’’ रखा है। इसके तहत अनुविभाग एवं थाना स्तर पर विभिन्न आयोजन यथा चलित थाना, साईबर क्राईम जागरूकता तथा किशोरों एवं बालकों के हितार्थ लैंगिक अपराधों की जानकारी के साथ-साथ विभिन्न क्रीड़ा प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जावेंगा।
शहीद परिवार का हुआ सम्मान - सहयोग के शुभारंभ अवसर पर सर्वप्रथम शहीद पोलिकार्प तिग्गा की धर्मपत्नी श्रीमती फुलकेरिया तिग्गा एवं शहीद कृष्णानाथ किण्डो की धर्मपत्नी श्रीमती उषा किण्डो को गृहमंत्री श्री रामसेवक पैंकरा ने साल व श्रीफल देकर सम्मानित किया।
पुलिस अधीक्षक सूरजपुर श्री जी.एस.जायसवाल ने इस अवसर पर कहा कि सहयोग अर्थात जनता एवं पुलिस का साझा मंच। इसकी संकल्पना माननीय प्रधानमंत्री महोदय के पुलिस महानिदेशक काॅन्फ्रेंस एवं माननीय गृहमंत्री के पुलिस अधीक्षक काॅन्फ्रंेस में चिन्हित की गई। सहयोग का चरम उद्धेश्य जनता के अधिकतम सहयोग से भय तथा अपराध मुक्त समाज का निर्माण है। सहयोग वस्तुतः अवधारण नहीं भावना है, क्योंकि जनसामान्य की तुलना में पुलिस बल नगण्य है। अतः एक विचलन मुक्त समाज जनता के भावनात्मक सहयोग से ही संभव है। सहयोग कार्यक्रम के माध्यम से अपराध के नियंत्रण एवं अपराध की सूझ हेतु जनता की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जायेगी। व्यस्तम कार्यक्रम के बीच अपना बहुमूल्य समय देने हेतु माननीय गृहमंत्री श्री रामसेवक पैंकरा का विशेष आभार व्यक्त किया।
सूरजपुर पुलिस की ‘‘सहयोग’’ लोगो का गृहमंत्री ने किया विमोचन।
सूरजपुर पुलिस के सहयोग कार्यक्रम के शुभारंभ अवसर पर गृहमंत्री श्री रामसेवक पैंकरा ने पुलिस विभाग की इस अनूठी पहल की सराहना की एवं उन्होंने कहा कि मैं इस कार्यक्रम का शुभारंभ कर अभिभूत हॅू। पुलिस को आमजन सहयोग दे ताकि वे अपना कार्य निर्विध्न एवं निष्पक्ष होकर कर सके, सहयोग शब्द स्वतः ही पुलिस एवं आमजन के आपसी सामान्जस्य का द्योतक है। पुलिस हर समय अपनी ड्यिूटी में मुस्तैद है जिससे हम सुरक्षित महसूस करते है। माननीय मंत्री महोदय ने आॅपरेशन गर्जना के तहत् बालिकाओं के स्वरक्षार्थ, कौशल प्रदर्शन की प्रशंसा की।
शहीद के नाम पर होगा पुलिस लाईन का ग्राउण्ड व सड़क - गृहमंत्री श्री रामसेवक पैंकरा ने इसी मंच से ही पुलिस लाईन के परेड ग्राउण्ड का नाम शहीद पोलिकार्प तिग्गा एवं भैयाथान रोड़ से पुलिस लाईन को जोड़ने वाली सड़क का नाम शहीद कृष्णनाथ किण्डो के नाम पर रखने की घोषणा की। सहयोग कार्यक्रम के आकर्षक एवं भव्य शुभारंभ पर उन्होंने पुलिस अधीक्षक की प्रशंसा की।
सहयोग कार्यक्रम के शुभारंभ की स्मृतियों को अतिथियों के मानस पटल पर अक्षुण्ण रखने हेतु गृहमंत्री श्री रामसेवक पैकरा, कलेक्टर सूरजपुर के.सी.देवसेनापति, पुलिस अधीक्षक सरगुजा सदानंद कुमार, सीईओ संजीव झा, डीएफओ बी.पी.सिंह को स्मृति चिन्ह भेंट की गई।
सहयोग लोगो युक्त टी शर्ट एवं केप वितरण किया गया - सूरजपुर पुलिस ने ग्रामीण क्षेत्र से आये स्कूली छात्र/छात्राओं को सहयोग लोगो युक्त टी शर्ट एवं केप का वितरण किया। आकर्षक ‘‘सहयोग’’ का लोगो जिसमें सूरजपुर पुलिस लिखा है उसे पाकर स्कूली छात्र/छात्राएं उत्साहित दिखे।
मार्शल आर्ट, जूड़ो, कराटे एवं योगाभ्यास का हुआ प्रदर्शन
सहयोग कार्यक्रम का शुभारंभ एवं आॅपरेशन गर्जना के समापन के दौरान योगाभ्यास संजय गिरी व टीम, कराटे राहुल दास व टीम, ताईक्वांडो महेेश्वर पुरी व टीम के द्वारा प्रदर्शन किया गया एवं कस्तुरबा गांधी छात्रावास एवं नर्सिंग कालेज की छात्राओं ने मनमोहक सामूहिक नृत्य की प्रस्तुती दी। कार्यक्रम में काव्य मिश्रा एवं हितेन्द्र वर्मा के द्वारा गीत की प्रस्तुति की। बालिका एवं महिलाएं घर के किसी काम से बाहर जाने आने के दौरान उनके साथ होने वाले दुव्र्यवहार के संबंध में प्रशिक्षण शिविर से पूर्व उनकी स्थिति क्या थी और वर्तमान में क्या है इसकी प्रस्तुति दी गई। सहयोग के शुभारंभ के साथ ही आॅपरेशन गर्जना के तहत् 5 जून से 11 जून तक चले आत्मरक्षा प्रशिक्षण शिविर का समापन हुआ।
मंच संचालन डीएसपी रामश्रृंगार यादव एवं आभार प्रदर्शन अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती मेघा टेंभुरकर ने किया।
इस दौरान एएसपी बी.एल.केहरी, सीएसपी डी.के.सिंह, डीएसपी मुख्यालय निमिषा पाण्डेय, एसडीओपी प्रेमनगर चंचल तिवारी, एसडीओपी सूरजपुर मनोज धु्रव, एसडीओपी ओड़गी डाॅ. धु्रवेश जायसवाल, एसडीओपी प्रतापपुर आर.के.शुक्ला, डीएसपी राकेश पाटनवार, जिला शिक्षा अधिकारी राकेश सिंह,संजय मिश्रा, राजेश महलवाला, मण्डल अध्यक्ष मुकेश गर्ग, नपाअ थलेश्वर साहू, प्रिन्ट एवं इलेक्ट्रानिक मिडिया, जिला समन्वय मितान पुलिस टाईम्स नलिन जिन्दल, सुमित मित्तल, स्टेनो पुष्पेन्द्र शर्मा, रक्षित निरीक्षक रामप्रसाद पैंकरा, थाना प्रभारी दीपक पासवान, सुनील तिवारी, तेजनाथ सिंह, प्रदुम्मन तिवारी, अनूप एक्का, शिवराम कुंजाम ओ.पी.कुजूर, सी.पी.तिवारी, रामेन्द्र सिंह, अजरूद्दीन, व्ही.एन.भारद्वाज, ए0टोप्पो, नरेन्द्र सिंह, यातायात प्रभारी सूरजन राम राजवाड़े, एमटीओ गंगाधर जोशी, एसआई रश्मि सिंह, आराधना बनोदे, चित्रलेखा साहू, सी.आर.राजवाड़े, स्पेशल पुलिस टीम प्रभारी सरफराज फिरदौसी, चैकी प्रभारी कपिलदेव पाण्डेय, रविन्द्र प्रताप सिंह, राजेश तिवारी, प्रमोद पाण्डेय, सुमन्त पाण्डेय, रामनरेश गुप्ता, रामबाबु दोहरे, महेश्वर सिंह, पुलिस के अधिकारी कर्मचारीगण, करीब 3 हजार नर्सिग कालेज एवं स्कूली छात्र/छात्राएं, गणमान्य नागरिकगण, पुलिस एवं होमगार्ड की महिला कर्मचारी उपस्थित रहे।
: पहली बरसात ने खोल दी नगर पालिका की पोल
Tue, Jun 12, 2018
एक घंटे की बरसात में नगर पालिका कार्यालय समेत जगह- जगह बनी जल भराव की स्थिति
सिविल कॉलोनी में कई घरों में घुसा बरसात का पानी
प्रवेश गोयल
सूरजपुर- सोमवार को सूरजपुर में करीब 1 घंटे तक जमकर बरसात हुई, इस एक घंटे की झमाझम बारिष ने नगर पालिका के आपदा प्रबंधन की पोल खोलकर रख दी। खुद नगर पालिका कार्यालय के सामने प्रति वर्ष की भांति इस वर्ष भी इतना पानी भर गया कि लोग नगर पालिका कार्यालय तक नहीं पहुंच पा रहे थे, इसी प्रकार नगर के विभिन्न वार्डां में जल भराव की स्थिति का सामना जनसामान्य को करना पड़ा।
गौरतलब है कि मानसून से पूर्व नगर पालिका के द्वारा जल भराव की स्थिति को रोकने के लिए व्यापक प्रबंध करने का दावा किया जा रहा था, जगह- जगह नई नालिया बनाई गई लेकिन इन उपायों से भी जगह- जगह जल भराव को नहीं रोक पाये। स्थिति यह थी कि महज एक घंटे की बरसात में सिविल कॉलोनी, अग्रसेन वार्ड के भट्ठापारा, नावापारा समेत अन्य स्थानों पर बरसात का पानी एकत्रित होकर लोगों के घरों में घुसने लगा। जिसे काफी मषक्कत के बाद निकाला जा सका। स्वयं नगर पालिका कार्यालय परिसर से पानी निकालने के लिए नगर पालिका को जेसीबी मषीन लगानी पड़ी।
चार साल में भी सिविल कॉलोनी का नहीं हुआ निदान
विगत 4-5 वर्षों से अग्रसेन वार्ड स्थित सिविल कॉलोनी में जल भराव की समस्या स्थायी रूप से बनी हुई है, जनदर्षन, लोक सूराज समेत विभिन्न मंचों पर इस समस्या के निराकरण के लिए आवेदन दिये गये लेकिन नगर पालिका के द्वारा इस दिषा में ठोस पहल नहीं किये जाने के कारण बरसात के दिनों प्रति वर्ष बरसात का पानी लोगां के घरों में घुस जाता है। नगर पालिका द्वारा नाली निर्माण जो कराई गई है उसे मूल नाली से नहीं जोड़ने के कारण यह समस्या इस वर्ष भी लोगों के लिए सिर दर्द बनी हुई है। समय रहते इसका निराकरण आवष्यक है।
: चिकित्सक के अभाव में पेट में दर्द से पीड़ित मरीज ने तोड़ा दम
Tue, Jun 12, 2018
प्रवेश गोयल
सूरजपुर- जिले के ओड़गी विकासखण्ड मुख्यालय में 4 एमबीबीएस चिकित्सकों की पदस्थापना होने के बावजूद मुख्यालय में एक भी चिकित्सक नहीं रहते, दो आरएमए चिकित्सक के भरोसे सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र को छोड़ दिया गया है, परिणाम स्वरूप सांवारावां से उपचार के लिए पहुंचे पेट दर्द से पीड़ित 60 वर्षीय ग्रामीण की उपचार के अभाव में मौत हो गई।
गौरतलब है कि ओड़गी विकासखण्ड मुख्यालय में चार एसबीबीएस चिकित्सक समेत आरएमए चिकित्सकों की भी नियुक्ति वहां की भौगोलिक विषमताओं और वनांचल क्षेत्रों को देखते हुए की गई, लेकिन मुख्यालय में निवास बनाकर न रहने से इतनी संख्या में चिकित्सकों की नियुक्ति का लोगों को कोई लाभ नहीं मिल रहा है। सोमवार को सांवारावां ग्राम निवासी मंगल साय आत्मज बुल्लूराम खैरवार 60 वर्ष अपने रिष्तेदार के यहां चपदा गया था, जहां उसके पेट में दर्द होने पर उसे ओड़गी चिकित्सालय में उपचार के लिए लाया गया था, लेकिन यहां एक भी एमबीबीएस चिकित्सक नहीं मिले, आरएमए चिकित्सकों के द्वारा जब तक उपचार शुरू किया जाता तब तक मंगल साय की उपचार के अभाव में मौत हो गई।
खुद बीएमओ नहीं रहते मुख्यालय में
ओड़गी के जनपद सदस्य राजेष तिवारी ने बताया कि सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में पदस्थ बीएमओ डॉ प्रमोद राठौर एवं डॉ राकेष सिंह सूरजपुर जिला मुख्यालय में निवास बनाकर रहते है, जबकि डॉ मनीष मिश्रा लम्बे समय से अवकाष पर है और डॉ खान अपने गृहग्राम पटना से जाना आना करते है। इतने बड़े विकासखण्ड की जिम्मेदारी आरएमए चिकित्सक शांतनू कुषवाहा और मैरी ममता पर छोड़ दी गई है। गंभीर मरीजों के मामले में इनके द्वारा उपचार योग्य होने के बावजूद रेफर कर दिया जाता है।
मुख्यालय में रहना तय करे चिकित्सक
क्षेत्र के जनपद सदस्य राजेष तिवारी ने मंगल साय की उपचार के अभाव में मौत होने के बाद सीएमएचओ डॉ एसपी वैष्य से चर्चा की और वस्तुस्थिति से अवगत कराते हुए तहसील मुख्यालय में चिकित्सकों को आवास बनाकर रहना सुनिष्चित करने की मांग की है ताकि देर- सबेर कभी भी उपचार की आवष्यकता पड़ने पर चिकित्सक उपलब्ध रहें। उपचार के अभाव में और किसी मंगल साय की मौत न हो।