परेशानी : दंतैल हाथी का आतंक: आधा दर्जन गांवों में दहशत, कई एकड़ फसलें तबाह
Pappu Jayswal
Fri, Sep 4, 2026
चांदनी-बिहारपुर में 5 दिनों से
गुरु घासीदास राष्ट्रीय उद्यान से शाम होते ही आबादी की ओर रुख कर रहा अकेला हाथी
नवडिहा से जुड़वनिया तक फसलों को रौंदा; वन अमला अलर्ट, मुनादी कर ग्रामीणों को दी सतर्क रहने की चेतावनी
बिहारपुर। गुरु घासीदास राष्ट्रीय उद्यान और बिहारपुर वन परिक्षेत्र से सटे ग्रामीण इलाकों में पिछले पांच दिनों से एक अकेले दंतैल हाथी की निरंतर मौजूदगी से भारी दहशत है। झुंड से बिछड़कर पहुंचा यह हाथी दिनभर घने जंगलों में डेरा डाले रहता है और शाम ढलते ही भोजन की तलाश में आबादी तथा खेतों की ओर रुख कर रहा है। हाथी की आवाजाही से नवडिहा, मोहरसोप, बसनारा, कछिया, खैरा और जुड़वनिया सहित आधा दर्जन गांवों के ग्रामीणों में जान-माल का खतरा बना हुआ है।
खेतों में घुसकर रौंद रहा फसलें, किसानों पर दोहरी मार
हाथी लगातार खेतों में पहुंचकर धान, मक्का, अरहर और कोदो-कुटकी की फसलों को बड़े पैमाने पर नुकसान पहुंचा रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, बरसात के इस मौसम में फसलें पकने की कगार पर हैं, ऐसे में हाथी द्वारा फसलों को खाने और पैरों तले रौंदने से किसानों को भारी आर्थिक क्षति हो रही है। शाम ढलते ही ग्रामीण अनहोनी की आशंका के चलते घरों में कैद होने को मजबूर हैं। खेतों में रखवाली करना भी अब जानलेवा साबित हो रहा है।
बरसात में हर साल गहराता है मानव-हाथी द्वंद्व
वन सीमा से लगे होने के कारण इस इलाके में हर साल बारिश के दिनों में हाथियों का दखल बढ़ जाता है। ग्रामीणों ने वन विभाग से मांग की है कि संवेदनशील इलाकों में रात्रि गश्त बढ़ाई जाए, हाथी की गतिविधियों की रियल-टाइम ट्रैकिंग हो और पीड़ित किसानों के नुकसान का तत्काल सर्वे कराकर मुआवजा वितरित किया जाए।
विभाग का अलर्ट: हाथी के करीब न जाएं, तत्काल दें सूचना
हाथी की आमद को देखते हुए वन विभाग का मैदानी अमला अलर्ट मोड पर है। संवेदनशील बस्तियों में लाउडस्पीकर से मुनादी कराकर लोगों को रात में जंगल की ओर न जाने और घरों में ही सुरक्षित रहने के निर्देश दिए जा रहे हैं।
संतोष दुबे, दरोगा, गुरु घासीदास राष्ट्रीय उद्यान:
"क्षेत्र में पिछले पांच दिनों से एक अकेला हाथी विचरण कर रहा है। विभाग की टीम उसकी हर गतिविधि पर लगातार नजर रखे हुए है। ग्रामीणों से अपील है कि वे रात में बाहर न निकलें और हाथी को घेरने या भगाने का कतई प्रयास न करें। हाथी दिखने पर तुरंत वन अमले को सूचित करें।"
विज्ञापन
विज्ञापन