ब्रेकिंग

सूरजपुर जिला जेल में आरसेटी का कौशल प्रशिक्षण संपन्न, 35 बंदियों ने सीखा अगरबत्ती व साबुन निर्माण

खड़गवां में ज़मीन हड़पने का बड़ा फर्जीवाड़ा, विधवा महिला ने कलेक्टर से लगाई न्याय की गुहार

खनिज माफियाओं पर प्रशासन का चाबुक, अवैध रेत ले जा रहे 4 हाईवा जब्त

कांग्रेस का 'हल्लाबोल', वित्तीय अनियमितताओं की उच्च स्तरीय जांच की मांग

गुरु घासीदास राष्ट्रीय उद्यान के समीप जंगली जानवरों का आतंक, दिनदहाड़े बकरे का शिकार करने से ग्रामीणों में दहशत

सूचना

भूमि फर्जीवाड़ा : खड़गवां में ज़मीन हड़पने का बड़ा फर्जीवाड़ा, विधवा महिला ने कलेक्टर से लगाई न्याय की गुहार

Rajesh Soni

Mon, Jul 13, 2026

सूरजपुर। जनपद पंचायत भैयाथान के ग्राम पंचायत खड़गवां में भूमि फर्जीवाड़े का एक गंभीर मामला सामने आया है। एक विधवा महिला की कीमती जमीन को कथित रूप से धोखाधड़ी कर अपने नाम रजिस्ट्री कराने का आरोप लगाया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पीड़ित महिला ने ग्राम प्रतिनिधियों और सैकड़ों ग्रामीणों के साथ मिलकर सूरजपुर कलेक्टर और बसदेई पुलिस चौकी में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। ​पीड़िता श्रीमती रमसन रजवाड़े स्व. रामप्रसाद की पत्नी ने आरोप लगाया है कि ग्राम बिरामतल निवासी श्यामकर्तिक साहू ने उनके पति की अनपढ़ता का फायदा उठाकर धोखाधड़ी की। पीड़िता के अनुसार उनके पति ने श्यामकर्तिक से कुछ राशि उधार ली थी, जिसके बदले में 'इकरारनामा' (एग्रीमेंट) करने की बात हुई थी। ​आरोप है कि श्यामकर्तिक ने इकरारनामे की आड़ में धोखे से मुख्य मार्ग पर स्थित उनकी लगभग 1 एकड़ 7 डिसमिल जमीन की रजिस्ट्री अपने नाम करवा ली। इस जमीन की वर्तमान बाजार कीमत करीब 40 लाख रुपये बताई जा रही है। यह धोखाधड़ी करीब तीन साल पूर्व अंजाम दी गई थी, जिसकी जानकारी मृतका के परिवार को नहीं थी। पीड़िता और ग्रामीणों द्वारा प्रस्तुत दस्तावेजों और तथ्यों के आधार बताया गया कि जिस जमीन की रजिस्ट्री का दावा किया जा रहा है, वह वर्तमान में बैंक में बंधक है।रजिस्ट्री में विक्रेता पक्ष पीड़िता के पति का कोई भी ग्रामीण या परिजन गवाह नहीं है। सभी गवाह कथित तौर पर आरोपी के रिश्तेदार और परिचित हैं। पिछले तीन वर्षों तक इस रजिस्ट्री की जानकारी पीड़िता या उनके परिजनों को नहीं दी गई। पति की मृत्यु के बाद जब आरोपी ने रजिस्ट्री दिखाकर जमीन पर दावा किया, तब इस फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ। ​इस कथित भूमि की फर्जीवाड़ा से स्थानीय ग्रामीणों में काफी नाराजगी है। ग्राम सरपंच ओमप्रकाश सिंह, जनपद सदस्य प्रतिनिधि अनिमेश दुबे और ग्रामीणों का कहना है कि यदि प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से इस संदिग्ध रजिस्ट्री को निरस्त कर जांच समिति नहीं गठित की, तो वे उग्र आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे। बहरहाल पीड़ित परिवार न्याय की उम्मीद में प्रशासन की ओर देख रहा है, वहीं क्षेत्र में यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है।

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें