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: महिला के अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाते हुए पुलिस ने ..दो लोगो को गिरफ्तार किया है..

Admin

Mon, Aug 19, 2019

राजेश सोनी

सूरजपुर। भटगांव थानांतर्गत सोनगरा के चिकनी जंगल में 12 अगस्त को एक महिला का जला शव मिलने से सनसनी फैल गई थी। जिसका खुला करते हुए सोनगरा स्थित चिकनी के जंगल में हुई महिला के अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझा ली है। मामले में पुलिस ने मृतका के पति व उसके चाचा को गिरफ्तार किया है। दरअसल आरोपी पति को शक था कि उसकी पत्नी के कई लोगों से अवैध संबंध है।
इसी शक में उसने अपने चाचा के साथ मिलकर योजनाबद्ध तरीके से पत्नी को जंगल में ले जाकर पहले शारीरिक संबंध बनाया और चापड़ से गर्दन पर वार कर दिया। जब वह चिल्लाने लगी तो गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। हत्या के बाद उसकी लाश को बोरे में भरकर जला दिया था। पुलिस को 12 अगस्त को अधजला शव मिला था।वही हत्या के इस मामले में मृतका की शिनाख्त करना बड़ी चुनौती थी, इस पर पुलिस ने शव के फोटोग्राफ व पंपलेट हर तरफ फैला दिए, तब जाकर मृतका की शिनाख्त करकोली निवासी संतोषी पनिका के रूप में हुई।
 
इसके बाद की विवेचना में पुलिस को पता चला कि संतोषी की शादी 10-12 वर्ष पूर्व धरमपुर निवासी जुगेश्वर टुहुल के साथ हुई थी। फिर पुलिस ने मृतका के मोबाइल नंबर की कॉल डिटेल निकाली तो इससे अहम सुराग मिले और इसी आधार पर पुलिस ने जुगेश्वर को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो उसने चाचा अमरलाल के साथ मिलकर मृतका की हत्या करने का जुर्म कबूल लिया। इस पर पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया।

भटगांव पुलिस ने बताया कि आरोपी जुगेश्वर को शक था कि उसकी पत्नी संतोषी का अन्य लोगों से अवैध संबंध है। इस बात से वह क्षुब्ध रहता था। मृतका 5-6 माह से अंबिकापुर के वेलकम होटल में काम करती थी। अवैध संबंध के शक में ही जुगेश्वर ने संतोषी की हत्या करने की योजना बनाई और इसमें अपने चाचा अमरलाल को शामिल किया।
 
योजनाबद्ध तरीके से आरोपी जुगेश्वर 10 अगस्त को बाइक से अपने चाचा के साथ अंबिकापुर पहुंचा और संतोषी को मिलने के बहाने फोन कर गांधी चौक पर बुलाया। इस दौरान उसने संतोषी को यह भी कहा कि किसी को बिन बताए आना। इस पर संतोषी उसके झांसे में आ गई और गांधी चौक पहुंच गई। फिर वह संतोषी को बाइक में बैठाकर ले गया।

आरोपी संतोषी को बाइक से धरमपुर की ओर न ले जाकर सुनसान जंगल वाले रास्ते पर ले गया। यहां पहुंचकर चाचा को बाइक के पास ठहरने को बोला व संतोषी को साथ लेकर जंगल ले गया। आरोपी ने साथ में झोला भी रखा था, जिसमें चापड़ धारदार हथियार मिट्टी तेल व जूट की बोरी व माचिस थी।जंगल में आरोपी ने संतोषी के साथ पहले शारीरिक संबंध बनाया, फिर इसी दौरान मौका पाकर पहले उसके गर्दन पर चापड़ से वार कर दिया।
इससे संतोषी चीखी तो आरोपी ने गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद साक्ष्य मिटाने के उद्देश्य से शव पर मिट्टी तेल छिड़क कर ऊपर से बोरी डालकर आग लगा दी। आरोपी ने चापड़ को जंगल में ही फेंक दिया था, जिसे पुलिस ने बरामद कर लिया।
इस अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाने में एएसपी हरीश राठौर के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी किशोर केंवट, एसआई आराधना बनोदे, एएसआई सुमंत पांडेय, संजय चौहान, राधेश्याम साहू, रजनीश पटेल, विनोद प्रताप सिंह, नौशाद अली, प्रकाश साहू, अवधेश कुशवाहा, जगत पैकरा,
राधा कृष्ण पैकरा,महिपाल सिंह,
विनोद परीडा, राजीव लोचन सहित अन्य लोग थे।
 

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